Backनई दिल्ली: भारतीय विकेटकीपर-बल्लेबाज संजू सैमसन ने वेस्टइंडीज के खिलाफ चौथे टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले में भारतीय गेंदबाजों के प्रदर्शन पर उठ रहे सवालों के बीच उनका बचाव किया। हैदराबाद के राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में वेस्टइंडीज ने 3 विकेट पर 247 रन बनाए और भारत को 24 रन से हराकर पांच मैचों की सीरीज 2-2 से बराबर कर दी।
हार के बाद सैमसन ने जसप्रीत बुमराह की अहमियत पर जोर देते हुए कहा कि उनकी जगह कोई दूसरा गेंदबाज नहीं ले सकता। उन्होंने अर्शदीप सिंह और युवा तेज गेंदबाज प्रिंस यादव की भी तारीफ की और भरोसा जताया कि लगातार मौके मिलने से युवा गेंदबाज बेहतर प्रदर्शन करेंगे।
'जसप्रीत बुमराह का कोई विकल्प नहीं'
संजू सैमसन ने मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, 'जसप्रीत बुमराह का कोई विकल्प नहीं है। वह पीढ़ी में एक बार आने वाले गेंदबाज हैं और हम बहुत भाग्यशाली हैं कि हमारे पास वह हैं।'
उन्होंने आगे कहा, 'हालांकि, हमारे पास कुछ बहुत अच्छी प्रतिभाएं भी सामने आ रही हैं। अर्शदीप सिंह शानदार काम कर रहे हैं और पिछले कुछ मैचों में प्रिंस यादव ने जिस तरह गेंदबाजी की है, वह भी काफी प्रभावशाली है। मुझे लगता है कि हमारे पास अच्छी प्रतिभाएं हैं। हम उन्हें जितने ज्यादा मौके देंगे और उनका जितना अधिक समर्थन करेंगे, वे उतने ही बेहतर बनेंगे।'
भारतीय गेंदबाजी के सामने क्यों बढ़ी चुनौती?
वेस्टइंडीज के खिलाफ मौजूदा टी20 सीरीज में भारतीय गेंदबाजों को रन रोकने के लिए संघर्ष करना पड़ा है। प्रिंस यादव को छोड़कर भारतीय तेज गेंदबाजों की इकॉनमी रेट 10 रन प्रति ओवर से अधिक रही है। प्रमुख तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह की इकॉनमी भी लगभग 10.93 रन प्रति ओवर है।
इसके अलावा, पांचवें गेंदबाज के विकल्प को लेकर भी भारतीय टीम की परेशानी बनी हुई है। नमन धीर ने कुछ हद तक यह जिम्मेदारी संभाली है, लेकिन शिवम दुबे ने अब तक इस सीरीज में एक भी ओवर गेंदबाजी नहीं की है। ऐसे में निर्णायक मुकाबले से पहले टीम प्रबंधन के सामने गेंदबाजी संयोजन को लेकर अहम सवाल होंगे।
न्यूजीलैंड सीरीज में भुवनेश्वर कुमार से उम्मीदें
जसप्रीत बुमराह को न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज से भी आराम दिया गया है। यह सीरीज 22 अक्टूबर से शुरू होगी। ऐसे में भारत को अनुभवी तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार से उम्मीदें होंगी, जिन्होंने लगभग चार साल बाद टी20 अंतरराष्ट्रीय टीम में वापसी की है।
भुवनेश्वर ने हाल के आईपीएल सत्रों में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के लिए प्रभावशाली प्रदर्शन किया है। उनकी स्विंग, अनुभव और डेथ ओवरों में गेंदबाजी करने की क्षमता भारतीय आक्रमण के लिए उपयोगी साबित हो सकती है।
क्या निर्णायक मुकाबले में खेलेंगे अर्शदीप सिंह?
भारत और वेस्टइंडीज के बीच पांचवां और अंतिम टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबला 17 अक्टूबर को बेंगलुरु के एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेला जाएगा। सीरीज 2-2 से बराबर होने के कारण यह मुकाबला दोनों टीमों के लिए बेहद अहम है।
चौथे टी20 के अंतिम ओवर में वेस्टइंडीज के तेज गेंदबाज शमर जोसेफ की बाउंसर अर्शदीप सिंह के बाएं हाथ पर लगी थी। मैदान पर उन्हें चिकित्सा सहायता दी गई, लेकिन इसके बाद वह चोट के कारण रिटायर्ड हर्ट होकर मैदान से बाहर चले गए।सैमसन ने अर्शदीप की स्थिति पर अपडेट देते हुए कहा, 'अर्शदीप अपने कंधे पर बर्फ लगा रहे हैं। उम्मीद है कि वह जल्द ठीक हो जाएंगे।'
अर्शदीप की उपलब्धता पर अंतिम फैसला उनकी फिटनेस और टीम प्रबंधन के आकलन के आधार पर हो सकता है। यदि वह निर्णायक मुकाबले में नहीं खेल पाते हैं, तो भारत को अपने तेज गेंदबाजी संयोजन में बदलाव करना पड़ सकता है। ऐसी स्थिति में कुलदीप यादव या रवि बिश्नोई में से किसी एक को प्लेइंग इलेवन में मौका मिल सकता है।
हार के बावजूद अपनी पारी से खुश नहीं हैं सैमसन
चौथे टी20 में संजू सैमसन ने भारतीय पारी को तेज शुरुआत दिलाई। उन्होंने केवल 23 गेंदों पर 56 रन बनाए, जिसमें छह चौके और चार छक्के शामिल थे। उन्होंने 20 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया, जो उनके सबसे तेज टी20 अंतरराष्ट्रीय अर्धशतकों में से एक है।
हालांकि, उनकी शानदार पारी भारत को जीत नहीं दिला सकी। सैमसन पांचवें ओवर में केमो पॉल का शिकार बने। पॉल ने इस मुकाबले में पांच विकेट लेकर ऐतिहासिक प्रदर्शन किया।
अपनी पारी के बारे में सैमसन ने कहा, 'जब आप हारने वाली टीम का हिस्सा होते हैं, तो आप जो कुछ भी करते हैं, उसका एहसास बिल्कुल अलग होता है। इस समय मैं काफी निराश हूं। मैं निश्चित रूप से जीतने वाली टीम का हिस्सा बनना चाहता था।'
उन्होंने आगे कहा, 'मुझे बल्लेबाजी करते हुए बहुत मजा आया। जब आप इतने बड़े लक्ष्य का पीछा कर रहे होते हैं, तो ज्यादा सोचने का समय नहीं होता। आपको अपनी सहज प्रवृत्ति और अपनी ताकत पर भरोसा करना होता है। मैंने भी वही किया। मुझे अपनी पारी का आनंद आया, लेकिन काश हम मैच जीत गए होते।'
यह सैमसन का टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 10वां अर्धशतक और इस सीरीज का दूसरा अर्धशतक था। वेस्टइंडीज के खिलाफ यह उनका तीसरा टी20 अंतरराष्ट्रीय अर्धशतक भी रहा।
तिलक वर्मा का विकेट बना मैच का टर्निंग पॉइंट
सैमसन के मुताबिक, भारत की रन चेज के दौरान तिलक वर्मा का विकेट मैच का निर्णायक मोड़ साबित हुआ। तिलक 17वें ओवर की आखिरी गेंद पर आउट हुए। उस समय भारत का स्कोर 200 रन पर छह विकेट था और टीम को जीत के लिए 48 रन की जरूरत थी।
तिलक वर्मा और नितीश कुमार रेड्डी ने दबाव के बीच 70 रन की साझेदारी की थी। दोनों बल्लेबाज तेजी से रन बना रहे थे और भारत की जीत की उम्मीदें बरकरार थीं।
सैमसन ने कहा, 'मैच का टर्निंग पॉइंट तिलक का आउट होना था। हम अच्छी स्थिति में थे और हर ओवर में 10-12 रन आसानी से बना रहे थे। रेड्डी और तिलक दबाव की स्थिति में बहुत अच्छी बल्लेबाजी कर रहे थे। उस समय तक मुझे लगता है कि हम लक्ष्य का पीछा करने की स्थिति में थे।'
उन्होंने युवा बल्लेबाजों की तारीफ करते हुए कहा, 'पांच विकेट गंवाने के बाद भी इस तरह नियंत्रण बनाए रखना अच्छी बात है। दो युवा क्रिकेटरों ने दबाव का सामना किया और वेस्टइंडीज के गेंदबाजी आक्रमण के खिलाफ शानदार बल्लेबाजी की।'
शाई होप की बल्लेबाजी के मुरीद हुए संजू सैमसन
वेस्टइंडीज के कप्तान शाई होप ने चौथे टी20 में नाबाद शतक लगाकर अपनी टीम को बड़े स्कोर तक पहुंचाया। यह इस सीरीज में उनका दूसरा शतक था। सैमसन ने होप की बल्लेबाजी और उनके शॉट चयन की सराहना की।
सैमसन ने कहा, 'वह बहुत अच्छी बल्लेबाजी कर रहे हैं और हमें उनके प्रदर्शन का सम्मान करना चाहिए। वह बेहतरीन क्रिकेटिंग शॉट खेल रहे हैं और ज्यादा जोखिम भी नहीं ले रहे हैं। वह गेंदबाजों का सम्मान करते हुए बल्लेबाजी कर रहे हैं। जिस तरह वह रन बना रहे हैं, उसका श्रेय उन्हें मिलना चाहिए।'
उन्होंने आगे कहा, 'हम हर मैच में यह समझने की कोशिश कर रहे हैं कि उनके खिलाफ किस तरह प्रतिक्रिया देनी है। हम इस चुनौती को लेकर पूरी तरह सतर्क हैं।'
वेस्टइंडीज की टीम अब भारत की धरती पर अपनी पहली टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज जीतने के इरादे से मैदान पर उतरेगी, जबकि भारतीय टीम निर्णायक मुकाबला जीतकर सीरीज अपने नाम करना चाहेगी।